बहुबुद्धि के सिद्धांत का छात्रों की शैक्षिक उपलब्धि एवं रचनात्मकता पर प्रभाव

Abstract(सारांश): प्रस्तुत अध्ययन का उद्देश्य बहुबुद्धि के सिद्धांत का छात्रों की शैक्षिक उपलब्धि एवं रचनात्मकता पर प्रभाव का अध्ययन करना है। अध्ययन में कुल 300 विद्यार्थियों को नमूने के रूप में सम्मिलित किया गया। अध्ययन के लिए वर्णनात्मक एवं सर्वेक्षण अनुसंधान अभिकल्प का प्रयोग किया गया। बहुबुद्धि के विभिन्न आयाम—भाषिक, तार्किक-गणितीय, दृश्य-स्थानिक, शारीरिक-गतिज, संगीतीय, अंतर्वैयक्तिक, अंतःवैयक्तिक तथा प्राकृतिक बुद्धि—को अध्ययन में प्रमुख स्वतंत्र चर के रूप में लिया गया। छात्रों की शैक्षिक उपलब्धि को परीक्षा/उपलब्धि परीक्षण के प्राप्तांक तथा रचनात्मकता को मानकीकृत रचनात्मकता परीक्षण के माध्यम से मापा गया। डेटा के विश्लेषण हेतु Mean, Standard Deviation, t-test, ANOVA तथा Correlation/Regression जैसे सांख्यिकीय उपकरणों का प्रयोग प्रस्तावित है। अध्ययन का अनुमान है कि बहुबुद्धि के विभिन्न आयाम छात्रों की शैक्षिक उपलब्धि और रचनात्मकता के साथ सकारात्मक संबंध रखते हैं। अध्ययन के निष्कर्ष शिक्षक-शिक्षा, कक्षा-अधिगम तथा विद्यार्थियों की विविध क्षमताओं के विकास के लिए उपयोगी हो सकते हैं।

Keywords(मुख्य शब्द): बहुबुद्धि सिद्धांत, शैक्षिक उपलब्धि, रचनात्मकता, विद्यार्थी, Howard Gardner, Multiple Intelligences.


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